श्री पुष्पदंत जिन पूजा – Shree Pushpdant Jin Pooja

पुष्पदन्त भगवन्त सन्त सु जपंत तंत गुन|
महिमावन्त महन्त कन्त शिवतिय रमन्त मुन||
काकन्दीपुर जन्म पिता सुग्रीव रमा सुत|
श्वेत वरन मनहरन तुम्हैं थापौं त्रिवार नुत||
ॐ ह्रीं श्रीपुष्पदन्त जिनेन्द्र ! अत्र अवतर अवतर संवौषट्|
ॐ ह्रीं श्रीपुष्पदन्त जिनेन्द्र ! अत्र तिष्ठ तिष्ठ ठः ठः|
ॐ ह्रीं श्रीपुष्पदन्त जिनेन्द्र ! अत्र मम सन्निहितो भव भव वषट्|

हिमवन गिरिगत गंगाजल भर, कंचन भृंग भराय|
करम कलंक निवारनकारन, जजौं, तुम्हारे पाय||
मेरी अरज सुनीजे, पुष्पदन्त जिनराय, मेरी अरज सुनीजे||
ॐ ह्रीं श्रीपुष्पदन्त जिनेन्द्राय जन्मजरामृत्युविनाशनाय जलं नि0स्वाहा |1|